महकते रहें और दोस्ताना बनाए रखें, मानसून में भी
शरीर की दुर्गंध + परफ्यूम = बिलकुल नहीं
“भारत एक ट्रॉपिकल देश है”, एक पल में आप सूरज की तमतमाती गर्मी में सिकाई का अनचाहा आनंद ले रहे होते हैं, और अगले ही पल, आप अप्रत्याशित बारिश और गड़गड़ाते बादलों से बचने के लिए आश्रय ढूंढ रहे होते हैं। और दोनों ही परिस्थितियों में, एक तथ्य जिस पर हम सभी सहमत हो सकते हैं – यह छोड़कर कि चाय एक ऑल-सीज़न ड्रिंक है – वह यह है कि पसीने और नमी से उत्पन्न होने वाली शरीर की दुर्गंध से निपटना भी अपने आप में एक बड़ा भारी काम बन जाता है जबकि आपकी चाह बड़ी छोटी सी होती हैं कि आप महकते रहें।
चिपचिपाते कपड़े, और चारों तरफ उमस से भरी हवा के बोझ के तले, दोपहर तक, आप अपनी लाइफ चॉइसेस पर सवाल उठाने लग जाते हैं। हम सब इस स्थिति से गुजर चुके हैं। यह कोई बहुत सुखद अनुभव नहीं है।
आपकी स्किन को मानसून के प्रकोप से बचाने के लिए, हमने हर संभव टिप और ट्रिक पर नजर दौड़ाई ताकि मौसम चाहे कैसा भी हो आप हमेशा तरोताजा महसूस करें और महकते रहें।
चाहे मौसम कोई भी हो, बस महकते रहें
सही नींव: पर्सनल हाइजीन
- एक्सफोलिएशन बहुत जरूरी है
आपके डेड स्किन सेल्स पसीने और तेल का घर बनने लग जाते हैं, और फिर बैक्टीरिया को आकर्षित करते हैं, ठीक वैसे जैसे खाना मक्खियों को। इन्हें हटाने के लिए एक्सफोलिएशन बहुत जरूरी है, जिससे बैक्टीरिया को रहने और बढ़ने के लिए एक आरामदायक जगह ढूंढना कठिन हो जाता है।
रोजाना नहाने (जरूरत पड़ने पर दो बार भी) पर कोई समझौता नहीं करना चाहिए। नियमित एक्सफोलिएशन डेड स्किन सेल्स को हटाने में मदद करता है। यह त्वचा में फंसे पसीने और तेल को कम करता है, बैक्टीरिया के लिए अनुकूल वातावरण नहीं बनने देता और शरीर की दुर्गंध को काफी हद तक कम करता है। यदि आपकी त्वचा सेंसिटिव या डैमेज्ड है, तो स्वयं पर कोई भी एक्सपेरिमेंट करने के बजाय किसी प्रोफेशनल को कंसल्ट कर लें।

2. जितना हो सके खुद को सूखा रखने की कोशिश करें
नहाने के बाद, अपने आप को एक साफ तौलिये से थपथपाकर सुखाएं, और ऐसी जगहों (जैसे बगलें या स्किन फोल्ड्स/त्वचा की तहों के बीच) पर विशेष ध्यान दें जहां नमी जमा होने की संभावना ज्यादा हो। इस तरह आप कोमलता से अपनी स्किन के नेचुरल माइक्रोबायोम या स्किन बैरियर को नुकसान पहुंचाए बिना अतिरिक्त नमी को हटा सकते हैं।
इस मौसम में, अतिरिक्त पसीने को सोखने के लिए, आपके हैंडबैग में एक छोटा माइक्रोफ़ाइबर टॉवल (यह वाला परफेक्ट है) आपका एक भरोसेमंद साथी है (बस ध्यान रखें कि इसे नियमित रूप से धोया जाए), खासकर यदि आपके चेहरे पर पसीना ज्यादा आता है। अपने चेहरे पर उपयोग में आने वाले प्रोडक्ट्स की संख्या थोड़ी कम करें, हल्के, मल्टीटास्किंग प्रोडक्ट्स चुनें जो आपके चेहरे पर कम पसीना पैदा करें।
3. बेंज़ोयल पेरोक्साइड को दोस्त बनाएं
यदि बचपन में या बड़े होने के बाद भी आप एक्ने/मुहांसे की समस्या से जूझ चुके हैं, तो आप बेंज़ोयल पेरोक्साइड युक्त फेस वॉश से परिचित होंगें। ये मुहांसे पैदा करने वाले बैक्टीरिया को मारते हैं और स्किन पोर्स को ब्लॉक करने वाले डेड स्किन सेल्स को हटाते हैं। इसका दोहरा एक्शन मुहांसों को पैदा होने से रोकने में मदद करता है और यह आपके अंडरआर्म्स के लिए एक अच्छा क्लींजर है।
मिसिसिपी, यूएसए में स्थित एक बोर्ड-सर्टिफाइड डर्मेटोलॉजिस्ट, लिंडसे ज़ुब्रिट्स्की, एमडी, सेल्फ को बताते हैं, “जब आपका पसीना आपकी त्वचा पर मौजूद बैक्टीरिया के साथ मिलता है तो यह शरीर की दुर्गंध को पैदा करता है। इसलिए बेंज़ोयल पेरोक्साइड पसीना नहीं रोकता, लेकिन यह आपकी बगलों में, या जहां भी आप इसे लगाते हैं, वहां के बैक्टीरिया पर असर करके उन्हें कम करता है, जिससे गंध कम हो जाती है।”
सप्ताह में दो बार अपने शरीर को बेंज़ोयल पेरोक्साइड से धोएं। लेकिन, अपने इंटिमेट एरिया के आसपास थोड़ा सावधान रहें, क्योंकि इससे खुजली या रैश हो सकते हैं।

बदबू से पीछा छुड़ाएं: शरीर की दुर्गंध पर नियंत्रण कैसे करें
- डिओडोरेंट या एंटीपर्सपिरेंट या एक्सफोलिएंट
बगलों की दुर्गंध के खिलाफ जंग में तीन प्रमुख सिपाही हैं: डिओडोरेंट, एंटीपर्सपिरेंट और अंडरआर्म एक्सफोलिएंट।
डिओडोरेंट: इनमें अप्रिय गंधों को दबाने के लिए सुगंध होती है और अक्सर एंटीबैक्टीरियल एजेंट भी शामिल होते हैं। ये एजेंट आपकी त्वचा पर बैक्टीरिया को टार्गेट करते हैं जो पसीने के साथ मिलकर शरीर की दुर्गंध का कारण बनते हैं। बैक्टीरिया की आबादी को कम करने में डिओडोरेंट आपकी मदद करता है ताकि आप पूरे दिन महकते रहें।
एंटीपर्सपिरेंट: एंटीपर्सपिरेंट, पसीने के मौसम के लिए, आपका गो-टू फ्रेंड है। इसमें मौजूद एल्युमिनियम सॉल्ट्स आपके अंडरआर्म्स में स्वेट ग्लैंड्स (पसीने की ग्रंथियों) को कुछ समय के लिए बंद कर देते हैं, जिससे त्वचा की सतह तक पहुंचने वाले पसीने की मात्रा कम हो जाती है। जब पसीना कम होगा तो बैक्टीरिया के साथ मिल कर पनपने वाली दुर्गंध में भी कमी होगी।

अंडरआर्म एक्सफोलिएंट्स: एक्सफोलिएटिंग अंडरआर्म रोल-ऑन डेड स्किन सेल्स को हटाते हैं जो जमा होने पर दुर्गंध बढ़ाने में योगदान करते हैं। न्यूयॉर्क की बोर्ड-सर्टिफाइड डर्मेटोलॉजिस्ट, डॉ. मारिसा के गारशिक, ग्लाइकोलिक एसिड के उपयोग की सलाह देती हैं, “ग्लाइकोलिक एसिड डेड स्किन सेल्स को हटाकर, त्वचा के पीएच को कम करता है, यह डेड सेल्स के बनने पर रोक लगाकर और बैक्टीरिया को कम करके शरीर की गंध को रोकने में मदद करता है।”
लैक्टिक एसिड और मैंडेलिक एसिड जैसे सौम्य एक्सफोलिएंट भी त्वचा पर प्रभावी और कोमल होते हैं। अपने अंडरआर्म्स को कितनी बार एक्सफोलिएट करना है, यह निर्धारित करने के लिए किसी प्रोफेशनल से सलाह लें, लेकिन आम तौर पर, सप्ताह में एक या दो बार काफी होना चाहिए।
2. अपनी डाइट पर गौर करें
हमें खेद है, लेकिन आपको थोड़े समय के लिए गार्लिक ब्रेड से ब्रेक-अप करना पड़ सकता है। प्याज, लहसुन जैसे तेज़ गंध वाले फ़ूड प्रोडक्ट्स और मसालेदार व्यंजन शरीर की गंध पर दो तरह से प्रभाव डालते हैं। एक तो, उनमें सल्फर कम्पाउंड होते हैं जो डाइजेशन के दौरान पूरी तरह से टूटते नहीं हैं। ये कम्पाउंड ब्लडस्ट्रीम में प्रवेश करते हैं और पसीने के माध्यम से शरीर से बाहर निकलते हैं। हालांकि पसीना गंधहीन होता है, आपकी त्वचा पर मौजूद बैक्टीरिया इन कम्पाउंडस को तोड़ देते हैं, जिससे एक अलग और अक्सर अप्रिय गंध पैदा होती है।
दूसरा, मसालेदार भोजन शरीर के तापमान को रेग्युलेट करने वाले सिस्टम को ट्रिगर करके पसीना बढ़ा सकता है। अधिक पसीना मतलब बैक्टीरिया का शिकार बनने के लिए अधिक माल-मसाला, जो शरीर की दुर्गंध को और तीव्र बनाता है। शरीर की गंध पर इन फ़ूड प्रोडक्ट्स का प्रभाव हर किसी के लिए अलग-अलग होता है और गट बैक्टीरिया और पसीने की संरचना के आधार पर निर्भर करता है।
अपना परफ्यूम ध्यान से चुनें
- माहौल हल्का और ताज़ा रखें
चूंकि मानसून नमी लेकर आता है, इसलिए समय आ गया है कि अब सर्दियों की मादक सुगंधों को छोड़कर हल्की सुगंधों को अपनाया जाए, जो नम हवा से प्रभावित नहीं होंगी। गहरे ऊद और मस्क की बजाय किसी करारी और ताज़गी भरी खुशबू का उपयोग करें। परफ्यूमरी एक्सपर्ट के अनुसार आप साइट्रस, ग्रीन टी, एक्वाटिक या हल्के फ्लोरल नोट्स चुन सकते हैं। जैसा कि हरमीत सिंह, द बॉडी शॉप (एशिया साउथ) में मार्केटिंग, प्रोडक्ट और डिजिटल वाईस प्रेसिडेंट ने एचटी लाइफस्टाइल को बताया, इन भीनी खुशबूओं की मदद से आप हल्का महसूस करते हैं और गर्म मौसम में ये लंबे समय तक बनी रहती हैं।

2. लेयरिंग की कला में महारत हासिल करें
अपने लिए उपयुक्त सेंट प्रोफ़ाइल चुनें। एक सुगंधित बॉडी वॉश से शुरुआत करें और इसे अपनी महक की बेस लेयर बनाएं। नमी को बरकरार रखने और महक को बढ़ाने के लिए एक मिलते-जुलते सुगंधित बॉडी लोशन का प्रयोग करें। यदि एक जैसी महक बनाए रखनी है तो यह महत्वपूर्ण है कि आप एक ही सेंट फैमिली के बॉडी वॉश और मॉइस्चराइज़र का उपयोग करें; जैसे फ्लोरल, आदि।
इसके बाद परफ्यूम या बॉडी मिस्ट लगाएं। लंबे समय तक खुशबू बनाए रखने के लिए इसे अपने पल्स पॉइंट्स (कलाई, गर्दन, कान के पीछे) पर स्प्रे करना याद रखें। यदि पूरे दिन तरोताजा रहना चाहते है तो अपने साथ एक ट्रेवल साइज़ मिस्ट या डिओडोरेंट रखें ताकि दोपहर में भी टच-अप कर सकें और अनचाही बदबूदार इमरजेंसी से बच सकें।
आप चाहें तो, नायका, सोल डी जनेरियो और बाथ एंड बॉडी वर्क्स जैसे ब्रांडों पर नज़र डालें, जो एक ही सेंट फैमिली वाले बॉडी वॉश से लेकर हैंड क्रीम और हेयर मिस्ट तक के प्रोडक्ट रखते हैं।
3. नमी से भरी गंध को अलविदा कहें
सूती और लिनन जैसे हवादार कपड़े चुनें, और सिंथेटिक मैटेरियल से बचें जो पसीने को ट्रैप करते हैं। सुनिश्चित करें कि अलमारियों में कपड़े रखने से पहले वे पूरी तरह से सूखे हों और यदि संभव हो, तो उन्हें थोड़ी धूप और हवा में सुखाएं ताकि बैक्टीरिया नष्ट हो सकें। अपनी अलमारी और दराजों में मॉइस्चर अब्सॉर्बर्स का उपयोग करें, बासी गंध को अब्सॉर्ब करने के लिए एक्टिव चारकोल रखें, और अपने कपड़ों में खुशबू फैलाने के लिए अलमारियों में सुगंधित वैक्स टेबलेट्स रखें।

ट्वीक रिकमेंडेशन: एब्ज़ॉर्ब-इट डिस्पोजेबलमॉइस्चर अब्सॉर्बर (3 के पैक के लिए ₹442), द फ़ारवे ट्री के सेंटेड वैक्स टैबलेट (₹499), और टेरा का एक्टिव चारकोल ओडोर अब्सॉर्बर और डीह्यूमिडिफ़ायर (₹449)




